Ideal Agenda Meeting.

न्यास हेतु बैठक का आदर्श एजेंडा:-
1. अध्यक्ष के आदेश पर बैठक।
2. अध्यक्ष के द्वारा स्वागत एवं रिमार्क।
3. पिछली बैठक के मिनिट्स को पढ़कर सुनाना।
4. सचिव की रिपोर्ट में पिछले भुगतान नहीं करने वाले सदस्यों का व चार से ज्यादा मीटिंग में अनुपस्थित रहने वाले सदस्यों का विवरण।
5. कोषाध्यक्ष की रिपोर्ट।
6. सहयोगी संस्थाओं एवं समितियों की रिपोर्ट।
7. अधूरे कार्य।
8. नये कार्य (माह की गतिविधियाँ)।
9. सदस्यता संबंधी प्रस्ताव पर विचार।
10. खुली चर्चा।
11. सचिव के द्वारा धन्यवाद ज्ञापन।
12. सभा स्थगित करने की घोषणा अध्यक्ष द्वारा।
सेवा कार्यक्रमों की तैयारी –
1. स्थान निश्चित करना।
2. मुख्य अतिथि तय करना।
3. अतिथि परिचय, धन्यवाद आदि के लिये अनुभवी सदस्यों का चयन।
4. सदस्यों को निमंत्रण।
5. प्रेस को सूचित करना।
6. अन्य विशिष्ट व्यक्तियों को आमंत्रित करना।
7. मुख्य अतिथि को लाने व ले जाने के लिये सदस्य निश्चित करना।
8. फोटोग्राफी की व्यवस्था करना।
9. मुख्य अतिथि के लिये पुष्प गुच्छ या स्वागत की व्यवस्था।
10. कार्यक्रम सूची (एजेंडा) बनाना।
11. कार्यक्रम संचालक को कार्यक्रम की क्रमवार जानकारी प्रदान कराना।
12. आभार प्रदर्शन सचिव द्वारा या अधिकृत व्यक्ति द्वारा।

बैठक की प्रक्रिया:-
1. परिचय – बैठक के मुख्य अतिथि, विशिष्ट अतिथि व अन्य वक्ताओं का परिचय सदस्यों/आमंत्रितों के लिये कराया जाना चाहिये।
2. स्वागत भाषण – इसमें आमंत्रित वक्ता, अतिथियों और आमंत्रित सदस्यों को संबोधित किया जाता है।
3. मुख्य वक्ता का परिचय – यह परिचय संक्षेप में दिया जाना चाहिये। इसके लिये पदाधिकारियों या अन्य सदस्य का चयन किया जा सकता है।
4. मुख्य वक्ता का भाषण – परिचय के बाद मुख्य वक्ता/तत्पश्चात् अतिथि, मुख्य अतिथि का भाषण एवं जरूरी हो तो विषय से संबंधित प्रश्न किये जा सकते है।
5. मुख्य वक्ता से प्रश्न – यदि आवश्यक हो या मुख्य वक्ता/अतिथि कहंे तो विषय से संबंधित प्रश्न किये जा सकते है।
6. घोषणाएँ – आगामी कार्यक्रम के संबंध में अध्यक्ष सचिव या सदस्य को घोषणा करने के लिये बुलाया जा सकता है।
7. योजनाएँ – यदि कोई हो तो उनकी चर्चा बैठक में की जा सकती है।
8. सदस्यों को पुरस्कार – मुख्य अतिथि के द्वारा विभिन्न कार्यक्रमों में सफल योगदान करने वाले सदस्यों का अभिनंदन किया जाना चाहिये।
9. धन्यवाद ज्ञापन – सभी अतिथियों/आमंत्रितों को उनके आगमन के लिये धन्यवाद प्रेषित किया जाना चाहिये।

बैठक के दौरान की जाने वाली व्यवस्था –
1. बैनर मंच के पृष्ठ भाग के मध्य में।
2. ध्येय वाक्य मंच पर मुख्य टेबल के पीछे बैनर पर। 3. माइक सिस्टम।
4. डिस्प्ले चार्ट्स।
5. उपस्थिति पंजिका हस्ताक्षर हेतु बैठक के प्रवेश द्वार के समीप रखना।
6. ट्रस्ट प्रतिनिधि या जनसंपर्क प्रमुख के द्वारा मीटिंग की कार्यवाही को नोट करना।
7. टेबल के सामने नोेट्स लिखने के लिये कागज व पेन।
8. मुख्य अतिथि के जाने के पश्चात् ही सदस्यों/आमंत्रितों को जाना चाहिये।
बैठक के बाद –
1. प्रेस विज्ञप्ति बनाकर सभी समाचार पत्रों को भेजना।
2. मुख्य अतिथि को फोटोग्राफ के साथ, धन्यवाद पत्र भेजना।
3. संस्था के बुलेटिन/प्रकाशनों के लिये फोटोग्राफ रखना व मुख्य कार्यालय भेजना।

बैठक का विवरण – बैठक का विवरण भविष्य के संदर्भ के लिये तैयार किया जाना चाहिये। यहाँ कुछ दिशा-निर्देश दिये जा रहे है –
1. बैठक के महत्वपूर्ण बिंदुओं के सामने कोई चिन्ह अंकित करें। 2. बैठक में प्रस्ताव लाने वाले और उनका समर्थन करने वाले सदस्यों के नाम स्पष्ट रूप से लिखे जाएँ।
3. बैठक के सभी अंश का उल्लेख नहीं करे बल्कि जो अंश संस्था के लिये ऐतिहासिक महत्व के हो सकते है,
उनका ही विवरण तैयार करें। अतिथियों की संख्या, उपस्थिति का विवरण, समितियों की रिपोर्ट, अनुमोदित किए गए विषय, मुख्य वक्ता के विचार और सदस्यों को दिये जाने पुरस्कार संबंधी जानकारी दी जाए।

बैठक/कार्यक्रमों की तैयारियाँ –

  1.  कार्यक्रम की तिथि व स्थान निर्धारित करना।
  2.  कार्यक्रम की बैठक व्यवस्था को निर्देशित करना जैसे मध्य में अध्यक्ष, दायीं-बायीं ओर महत्वपूर्ण व्यक्ति जैसे मुख्य अतिथि, मुख्य वक्ता आदि फिर सचिव व अन्य पदाधिकारी या आयोजक या गणमान्य नागरिक गण दोनों ओर क्रमशः
  3. कार्यक्रम के प्रचार-प्रसार हेतु निमंत्रण कार्ड, पम्पलेट्स, फ्लेक्स, बैनर आदि प्रचार-प्रसार सामग्री छपवाना व समय अनुसार प्रसार सामग्री छपवाना व समय अनुसार वितरण करना।
  4.  यदि आयोजन स्थल खुले परिसर में है तो मंच, पांडाल एवं बैठक के लिये कुर्सी आदि व्यवस्थाएँ।
  5.  कार्यक्रम स्थल पर जल आदि मूलभूत व्यवस्थाएँ।
  6.  अतिथियों एवं विशेष आमंत्रितों के लिये जलपान एवं आवास व्यवस्था।
  7. कार्यक्रम हेतु माइक आदि ध्वनि व्यवस्थाएँ।
  8. कार्यक्रम पूर्व प्रेस विज्ञप्ति बनाकर सभी प्रिंट व इलेक्ट्राॅनिक मीडिया को भेजना।
  9.  कार्यक्रम पश्चात् कार्यक्रम का पूर्ण विवरण देना जिसमें ट्रस्ट के अध्यक्ष सचिव आदि का आवश्यक रूप से उल्लेख हो।
  10. कार्यक्रम में आवश्यकतानुसार प्रेस को आमंत्रित करना।
  11. अतिथि चयन के पश्चात् अतिथि को विधिवत लिखित आमंत्रण
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